केंद्र सरकार जल्द ही फेसबुक, व्हाट्सऐप, स्काइप, वीचैट और गूगल टॉक जैसी सोशल नेटवर्किंग ऐप के लिए नियम कानून लाने जा रही है। केंद्र ने बुधवार को इस बारे में सुप्रीम कोर्ट को अवगत कराया है। यह नियम-कानून टेलिकॉम ऑपरेटर्स के जैसे ही होंगे। टेलिकॉम विभाग का कहना था कि ये ऐप टेलिकॉम सर्विस प्रोवाइडर्स के नेटवर्क का इस्तेमाल करते हुए ग्राहकों तक अपनी पहुंच बनाती हैं और एसएमएस व कॉलिंग जैसी सुविधाएं देती हैं। टेलिकॉम कंपनियों के जैसी ही सुविधा देने के बावजूद भी इन्हें नियंत्रित और नियमन के लिए कोई कानून नहीं है।